हो जय जयकार करे


हो जय जयकार करे

हो जय जयकार, जय जयकार करें...4

वो है हमारा राजा, दुःख संकट से बचाता...
हम पर अपनी करूणा करता, और करता उपकार...
क्यों ना उस पर तन मन वारें, दें अपना अधिकार...
हो जय...

स्वर्ग है उसका सिंहासन, पृथ्वी बनी है आसन...
आकाश उसकी महिमा बताए, हस्त कला को दिखाये...
सारी पृथ्वी उसकी रचना, उसका ही प्रताप...
हो जय...

उस पर जिसका भरोसा, वो तो कभी ना डिगेगा...
चाहे बीमारी, चाहे गरीबी, चाहे हो अकाल...
सब संकट से सब कष्टों से, हो जायेगा पार...
हो जय...

Comments

Popular posts from this blog

ऊंचा उड़ना उकाब दी पछाण येशु जी।

छुया पल्ला ते मिली चंगेआई, ते उमरां दे रोग टुट गए...Chhuya palla te mili changeyai, te umran de rog tut gye.

तुने मुझे आगे पीछे घेर रखा है. Tune mujhe aage piche gher rakha hai.